

संवाददाता: प्रिंस गुप्ता, भदोही

भदोही। जिले में संचालित अल्ट्रासाउंड केंद्रों के पंजीकरण और संचालन को लेकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। पीसीपीएनडीटी अधिनियम के तहत स्वास्थ्य विभाग के सभागार में जिला सलाहकार समिति की बैठक हुई। इसमें अल्ट्रासाउंड केंद्रों के पंजीकरण, नवीनीकरण, लाइसेंस सरेंडर और मशीनों से जुड़े दस्तावेजों की जांच पर चर्चा की गई।
बैठक में जिलाधिकारी शैलेष कुमार के निर्देश पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संतोष कुमार चक की मौजूदगी में विभिन्न मामलों की समीक्षा की गई। समिति ने कहा कि किसी भी केंद्र की फाइल पर निर्णय लेने से पहले सभी दस्तावेजों की सही तरीके से जांच और सत्यापन किया जाए।
किराए के भवन में चल रहे अल्ट्रासाउंड केंद्रों के लिए भवन स्वामी से पंजीकृत किरायानामा या रजिस्टर्ड डीड उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। इसके अलावा केंद्रों में लगी मशीनों के मेक और मॉडल नंबर से संबंधित अभिलेखों की भी जांच की गई।
सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक ने कहा कि पीसीपीएनडीटी अधिनियम के सभी प्रावधानों का कड़ाई से पालन कराया जाए। पंजीकरण और नवीनीकरण की प्रत्येक फाइल का नियमानुसार परीक्षण और सत्यापन करने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाए।
बैठक में नवीन पंजीकरण, पंजीकरण के नवीनीकरण, लाइसेंस सरेंडर और न्यायालय के आदेशों से जुड़े मामलों पर भी विचार किया गया। समिति ने स्पष्ट किया कि दस्तावेजों या निर्धारित नियमों में कमी पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में जिला सलाहकार समिति के अध्यक्ष एवं रेडियोलॉजिस्ट डॉ. अनिल कुमार पाण्डेय, बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. राम आशीष सरोज, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. शालिनी पाठक, जिला सूचना अधिकारी अनिल कुमार सिंह, जिला शासकीय अधिवक्ता दिनेश पाण्डेय तथा एनजीओ प्रतिनिधि संजय कुमार श्रीवास्तव, मयंक श्रीवास्तव और रूचि जायसवाल सहित समिति के सदस्य मौजूद रहे।