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हावड़ा: दुर्गापूजा से पहले हावड़ा शहर की बदहाल सड़कों को लेकर बड़ा कदम उठाया गया है। शहर की 100 जर्जर और खराब सड़कों की मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है। इसके लिए 25 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। प्रशासन का दावा है कि महालया से पहले, यानी 10 अक्टूबर तक, इन सड़कों की मरम्मत का काम पूरा कर लिया जाएगा।

शनिवार को शरत सदन में हावड़ा नगर निगम के अधिकारियों के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक के बाद नगर एवं शहरी विकास विभाग की मंत्री अग्निमित्रा पाल ने सड़क मरम्मत को लेकर यह घोषणा की। बैठक के बाद शरत सदन के सामने नारियल फोड़कर सड़क मरम्मत कार्य की औपचारिक शुरुआत भी की गई।
मंत्री अग्निमित्रा पाल ने कहा कि शहर की 100 जर्जर सड़कों को चिन्हित किया गया है और इनकी मरम्मत के लिए 25 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि महालया से पहले सड़क मरम्मत का काम पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि दुर्गापूजा के दौरान लोगों को आवागमन में परेशानी न हो।
नगर निगम चुनाव को लेकर भी बयान
बैठक के दौरान हावड़ा नगर निगम के चुनाव का मुद्दा भी सामने आया। अग्निमित्रा पाल ने पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में नगर निगम चुनाव लंबे समय तक नहीं होने को लेकर सवाल उठाए और कहा कि इससे नागरिक सेवाओं पर असर पड़ा।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनने के बाद हावड़ा नगर निगम में जल्द चुनाव कराया जाएगा। हालांकि, चुनाव की तारीख और कार्यक्रम तय करने का अधिकार राज्य निर्वाचन आयोग के पास है।
वहीं, बाली नगर पालिका चुनाव को लेकर भी उन्होंने संकेत दिया कि इसे अन्य नगर निकायों के चुनाव के साथ कराया जा सकता है।
डेंगू की रोकथाम पर भी जोर
हावड़ा में डेंगू की स्थिति को लेकर मंत्री ने दावा किया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस साल डेंगू के मामलों में कमी आई है। उनके मुताबिक, अब तक जिले में 139 डेंगू मरीज सामने आए हैं।
उन्होंने कहा कि मामलों में कमी के बावजूद सरकार का लक्ष्य डेंगू के मामलों को शून्य तक लाना है। इसी उद्देश्य से कार्यक्रम के दौरान डेंगू जागरूकता रैली का भी आयोजन किया गया, जिसमें मंत्री ने हिस्सा लिया।
कार्यक्रम में नगर एवं शहरी विकास विभाग के राज्य मंत्री उमेश राय, बाली के विधायक संजय सिंह समेत हावड़ा नगर निगम के अधिकारी और अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
अब देखना होगा कि 25 करोड़ रुपये की लागत से शुरू हुआ यह सड़क मरम्मत अभियान निर्धारित समयसीमा में कितना पूरा होता है और दुर्गापूजा से पहले हावड़ा के लोगों को खराब सड़कों से कितनी राहत मिलती है।