
उन्नाव। सऊदी अरब में बेटे की मौत के बाद आर्थिक संकट से जूझ रहे सुपासी गांव के एक परिवार के लिए प्रशासन ने मदद का हाथ बढ़ाया है। परिवार में अब मां रानी और उनकी दो बेटियां ही हैं। घर में कोई कमाने वाला न होने से परिवार के सामने रोजमर्रा की जरूरतों के साथ बेटियों के भविष्य को लेकर भी चिंता बनी हुई थी।

मामले की जानकारी मिलने पर एसडीएम सदर राजेन्द्र कुमार विश्वकर्मा ने परिवार की मदद के लिए पहल की। उन्होंने ग्रेजुएट बेटी महक को रोजगार दिलाने के लिए स्थानीय उद्यमियों से बातचीत शुरू की है, ताकि उसे जल्द आत्मनिर्भर बनाया जा सके।
वहीं, बीएससी की छात्रा चमन की पढ़ाई की पूरी जिम्मेदारी एसडीएम ने लेने का भरोसा दिया। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन से बातचीत कर चमन की पढ़ाई किसी भी परिस्थिति में जारी रखने के निर्देश दिए।
मां रानी ने बताया कि उन्होंने मेहनत-मजदूरी कर अपने बच्चों को पाला, लेकिन बेटे की मौत के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद कठिन हो गई है। प्रशासन की इस पहल से परिवार को मुश्किल समय में भावनात्मक और आर्थिक संबल मिला है।
परिवार ने प्रशासन का आभार जताते हुए कहा कि इस मदद से दोनों बेटियों के भविष्य को लेकर नई उम्मीद जगी है।