
उन्नाव। गलती से दूसरे बैंक खाते में ट्रांसफर हुए 14 लाख रुपये वापस मिलने से पीड़ित को बड़ी राहत मिली है। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित बैंक और वॉलेट से संपर्क कर धनराशि होल्ड कराई और सात दिन के भीतर पूरी रकम पीड़ित के मूल बैंक खाते में वापस करा दी।

शुक्रवार दोपहर पुलिस अधीक्षक नगर आयुष श्रीवास्तव ने मामले की जानकारी देते हुए लोगों से ऑनलाइन लेनदेन के दौरान सावधानी बरतने की अपील की।
पुलिस के अनुसार, जपसरा के राम प्रसाद खेड़ा निवासी विशाल कुमार साहू ने 1 अक्टूबर 2026 को गलती से 14 लाख रुपये दूसरे बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए थे। जब उन्हें अपनी गलती का पता चला तो उन्होंने साइबर क्राइम पुलिस से शिकायत कर रकम वापस दिलाने की मांग की। बड़ी धनराशि गलत खाते में चले जाने से वह परेशान थे।
बैंक और वॉलेट से संपर्क कर रकम कराई होल्ड
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह के निर्देशन में साइबर क्राइम थाना पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। पुलिस टीम ने लेनदेन से संबंधित जानकारी जुटाई और संबंधित बैंक तथा वॉलेट से पत्राचार कर ट्रांसफर की गई रकम को होल्ड कराया।
पुलिस के प्रयासों के बाद 8 अक्टूबर 2026 को 14 लाख रुपये की पूरी धनराशि विशाल कुमार साहू के मूल बैंक खाते में वापस करा दी गई। इस तरह शिकायत के सात दिन के भीतर रकम वापस मिलने से पीड़ित को बड़ी आर्थिक राहत मिली।
ऑनलाइन ट्रांजैक्शन से पहले खाता संख्या जांचने की अपील
साइबर क्राइम पुलिस ने लोगों से अपील की है कि ऑनलाइन रुपये ट्रांसफर करते समय लाभार्थी का नाम और खाता संख्या अच्छी तरह जांच लें। यदि गलती से रकम किसी दूसरे खाते में चली जाए तो तुरंत संबंधित बैंक को सूचना दें और साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
पुलिस के मुताबिक, समय रहते शिकायत करने से धनराशि को होल्ड कराने और उसे वापस प्राप्त करने की संभावना बढ़ सकती है।