

रजपुरा के एचबीपी होटल में जुटे प्रबुद्धजन, ऐतिहासिक धरोहरों और सांस्कृतिक पहचान के संरक्षण पर हुई चर्च

संवाददाता: प्रिंस गुप्ता, भदोही
भदोही। जिले की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और कलात्मक विरासत को संरक्षित करने के उद्देश्य से भारतीय राष्ट्रीय कला एवं सांस्कृतिक विरासत न्यास (INTACH) के भदोही चैप्टर की ओर से शुक्रवार को गांधी जयंती के अवसर पर रजपुरा स्थित एचबीपी होटल में संगोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में भदोही की समृद्ध विरासत को संरक्षित करने और नई पीढ़ी को इससे जोड़ने पर विचार-विमर्श किया गया।
मुख्य अतिथि जिलाधिकारी शैलेश कुमार ने कहा कि किसी भी क्षेत्र की पहचान उसकी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत से होती है। भदोही की पहचान कालीन उद्योग के साथ-साथ उसकी कला, परंपरा और ऐतिहासिक धरोहरों से भी जुड़ी है। इन धरोहरों के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।
संगोष्ठी में रवि पाटोदिया और चार्टर्ड अकाउंटेंट एके ठुकराल ने भी अपने विचार रखे। वक्ताओं ने कहा कि भदोही की पुरानी इमारतों, परंपराओं, कला और सांस्कृतिक विरासत का दस्तावेजीकरण कर उन्हें सुरक्षित रखने की दिशा में काम किया जाना चाहिए। इससे आने वाली पीढ़ियों को जिले के इतिहास और सांस्कृतिक पहचान से परिचित कराया जा सकेगा।
इस अवसर पर शिव सागर तिवारी, पंकज बरनवाल, जय प्रकाश गुप्ता, ज्ञानपुर के चेयरमैन घनश्याम दास गुप्ता, दिलीप गुप्ता, राजू बोथरा, पप्पू काबरा, डॉ. एके गुप्ता, पंकज जायसवाल, ललित बरनवाल, रोहित गुप्ता, डॉ. पीयूष जायसवाल, हरीश सहगल और शरद श्रीवास्तव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन संजय श्रीवास्तव ने किया। संगोष्ठी के दौरान भदोही की विरासत के संरक्षण के लिए सामाजिक सहभागिता बढ़ाने और लोगों में जागरूकता पैदा करने पर जोर दिया गया।