जलेबी की खुशबू, कजरी की गूंज और रातभर जागरण… बदलते दौर में धुंधली पड़ रही पूर्वांचल की अनोखी लोक परंपरा
जागरण पर्व पर विशेष: मां विंध्यवासिनी की मान्यता से जुड़ा पर्व, कभी गांव-गांव रातभर गूंजते थे कजरी के सुर 30 अगस्त, रविवार | संवाददाता प्रिंस गुप्ता भदोही। जलेबी की खुशबू, ढोलक की थाप, मंजीरे की छनक और रातभर गूंजती कजरी… कभी पूर्वांचल के गांवों में जागरण पर्व की यही पहचान हुआ करती थी। भदोही सहित ...
